स्वतंत्र एवं निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए सहयोग करें 🙏 • आज की ताज़ा बड़ी खबरें लगातार अपडेट हो रही हैं • राजस्थान और राष्ट्रीय समाचार उपलब्ध हैं . सनातन धर्म से जुड़ी हर खबर पर नजर रखता है सनातनी संत रिपोर्टर

बयाना (भरतपुर) | सोमवार, 4 मई 2026

भरतपुर जिले के बयाना उपखंड मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर दूर स्थित खेरली गड़ासिया का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) इन दिनों अव्यवस्थाओं का जीता-जागता उदाहरण बन चुका है। कागजों में सुविधाओं से लैस यह स्वास्थ्य केंद्र हकीकत में बदहाली का शिकार नजर आ रहा है, जहां मरीजों को इलाज से ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

अस्पताल में इंडोर वार्ड के लिए 10 बेड स्वीकृत हैं, लेकिन मौके पर सिर्फ 5 बेड ही उपलब्ध हैं, वो भी दो जर्जर और अंधेरे कमरों में जैसे-तैसे रखे हुए। इन कमरों में न तो पर्याप्त रोशनी है और न ही साफ-सफाई की कोई समुचित व्यवस्था, जिससे मरीजों का स्वास्थ्य सुधरने के बजाय बिगड़ने का खतरा बना हुआ है।

सबसे चिंताजनक पहलू अस्पताल का जर्जर भवन है। दीवारों में पड़ी दरारें और कमजोर ढांचा कभी भी किसी बड़े हादसे को न्योता दे सकता है। ऐसे हालात में इलाज कराने आए मरीज और उनके परिजन अपनी जान जोखिम में डालने को मजबूर हैं।

पेयजल व्यवस्था भी पूरी तरह चरमराई हुई है। अस्पताल में न तो वाटर कूलर चालू हालत में है और न ही स्वच्छ पानी की पर्याप्त व्यवस्था। चिकित्सा अधिकारी के अनुसार, रोजाना एक आरओ प्लांट संचालक से पानी का एक कैंपर मंगवाया जाता है, लेकिन 150 से 200 मरीजों की रोजाना ओपीडी के बीच यह व्यवस्था नाकाफी साबित हो रही है।

भीषण गर्मी के बावजूद अस्पताल में कूलरों की व्यवस्था केवल कागजों तक सीमित है। मौके पर एक भी कूलर चालू नहीं मिला, जिससे मरीज और उनके परिजन उमस और गर्मी से बेहाल नजर आए।

स्टाफ की स्थिति भी कम चिंताजनक नहीं है। अस्पताल में पांच चिकित्सा अधिकारियों के पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में केवल तीन ही कार्यरत हैं, जबकि दो पद लंबे समय से रिक्त पड़े हैं। स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बुधवार को सीएचसी प्रभारी भी अस्पताल नहीं पहुंचे।

यह पूरा मामला स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही और उदासीनता को उजागर करता है। सवाल यह है कि आखिर कब तक ग्रामीण क्षेत्र के मरीज ऐसी बदहाल व्यवस्थाओं के बीच इलाज कराने को मजबूर रहेंगे? यदि जल्द ही हालात में सुधार नहीं किया गया, तो यह लापरवाही किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।

By Sanatani Sant Reporter

I am an exserviceman presently sadhak Bageshwar Balaji. Presently Working as a religious and social news reporter .

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *